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15 September 2026 | भारत के अवैध एवं फर्जी शिक्षा बोर्डों की आधिकारिक सूची: उच्चतम न्यायालय एवं शिक्षा मंत्रालय के दिशा-निर्देशों पर आधारित विधिक जनहित चेतावनी

भारत के अवैध एवं फर्जी शिक्षा बोर्डों की आधिकारिक सूची: उच्चतम न्यायालय एवं शिक्षा मंत्रालय के दिशा-निर्देशों पर आधारित विधिक जनहित चेतावनी

भारत के अवैध एवं फर्जी शिक्षा बोर्डों की आधिकारिक सूची: उच्चतम न्यायालय एवं शिक्षा मंत्रालय के दिशा-निर्देशों पर आधारित विधिक जनहित चेतावनी

भारत के अवैध एवं फर्जी शिक्षा बोर्डों की आधिकारिक सूची: उच्चतम न्यायालय एवं शिक्षा मंत्रालय के दिशा-निर्देशों पर आधारित विधिक जनहित चेतावनी

अमान्य संस्थाओं, स्वयंभू फर्जी स्कूल बोर्डों एवं अनधिकृत विश्वविद्यालयों द्वारा जारी प्रमाण पत्रों की विधिक अमान्यता (Null and Void Ab Initio), कानूनी परिणाम एवं असली बनाम फर्जी बोर्ड की पहचान की पूर्ण निर्देशिका

विधिक जनहित सूचना एवं आधिकारिक संदर्भ (Legal & Public Advisory Metadata)

विधिक संदर्भ घटक (Legal Meta Field)

आधिकारिक विवरण (Official Details)

अधिसूचना का विषय (Subject)

भारत में संचालित अवैध, गैर-मान्यता प्राप्त एवं फर्जी शिक्षा बोर्डों तथा विश्वविद्यालयों की पहचान व सतर्कता

विधिक अधिकार क्षेत्र (Jurisdiction)

भारत का संविधान (अनुच्छेद 21A, 32, 226), विश्वविद्यालय अनुदान आयोग अधिनियम (UGC Act 1956) एवं भारतीय न्याय संहिता (BNS / IPC)

लक्षित वर्ग (Target Beneficiaries)

समस्त छात्र, अभिभावक, केंद्र व राज्य सरकार के भर्ती विभाग, विश्वविद्यालय एवं उच्च शिक्षण संस्थान

प्रमाण पत्रों की विधिक स्थिति

शून्य एवं निष्प्रभावी (Null and Void Ab Initio) - किसी भी सरकारी नौकरी या उच्च शिक्षा हेतु पूर्णतः अमान्य

मुख्य कीवर्ड्स (High-Volume Keywords)

भारत के फर्जी शिक्षा बोर्ड की सूची, Fake boards list India, अमान्य शिक्षा बोर्ड, Fake universities in India, How to check fake education board, CBOSE vs Fake boards legal recognition

1. विधिक प्रस्तावना एवं पृष्ठभूमि: शिक्षा के नाम पर धोखाधड़ी के विरुद्ध न्यायिक आदेश

भारत के संविधान के अनुच्छेद 21A के अंतर्गत प्रत्येक नागरिक को गुणवत्तापूर्ण और कानूनी रूप से मान्य शिक्षा प्राप्त करने का मौलिक अधिकार प्राप्त है। विगत वर्षों में कतिपय अनधिकृत, फर्जी और स्वयंभू संस्थाओं (Unrecognized / Self-styled Fake Boards & Universities) द्वारा विद्यार्थियों और अभिभावकों को गुमराह कर अवैध 10वीं, 12वीं तथा डिग्री प्रमाण पत्र जारी करने के गंभीर मामले सामने आए हैं।

न्यायिक सिद्धांत एवं विधि का स्पष्ट नियम: माननीय उच्चतम न्यायालय (Supreme Court of India) और उच्च न्यायालयों के सुस्थापित न्यायिक निर्णयों के अनुसार, किसी भी ऐसी संस्था, ट्रस्ट, समिति या परिषद द्वारा जारी किए गए प्रमाण पत्र जो संसद या राज्य विधानमंडल के अधिनियम, अथवा सक्षम सरकारी गजट अधिसूचना (Gazette Notification) द्वारा विधिवत प्राधिकृत नहीं है, कानून की दृष्टि में शून्य और पूर्णतः अमान्य (Null and Void Ab Initio) हैं। ऐसे प्रमाण पत्रों के आधार पर प्राप्त कोई भी नौकरी या कॉलेज प्रवेश अवैध घोषित कर निरस्त किया जा सकता है।

2. अमान्य, अवैध एवं फर्जी शिक्षा बोर्डों/विश्वविद्यालयों की आधिकारिक सूची

सक्षम विधिक व प्रशासनिक प्राधिकारियों द्वारा चिन्हित किए गए 55 अवैध एवं फर्जी शिक्षा बोर्डों, मुक्त विद्यालयों और स्वयंभू विश्वविद्यालयों की प्रामाणिक सूची नीचे दी जा रही है। छात्र एवं अभिभावक इन संस्थाओं से कड़ा परहेज करें:

क्र.सं.

संस्था / बोर्ड / विश्वविद्यालय का नाम

पता एवं राज्य

विधिक स्थिति

1

All India Board of Secondary Education

Bhawan No. 700, Gali No. 17, Gopalpur Village (Timarpur), P.O. Azadpur, Delhi-110009

अवैध / Fake

2

Board of Adult Education & Training

Aliganj (Kasturba Nagar), Kotla Mubarakpur, New Delhi-110003

अवैध / Fake

3

Central Board of Higher Education

East Patel Nagar, New Delhi

अवैध / Fake

4

Central Board of Higher Education

Uttam Nagar, New Delhi

अवैध / Fake

5

Hindi Sahitya Sammelan

Prayag (Allahabad), Uttar Pradesh

अमान्य बोर्ड / Unrecognized

6

Bombay Hindi Vidyapeeth

Bombay, Maharashtra

अमान्य / Unrecognized

7

Maharishi Valmiki National University

Delhi

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

8

Mithila University / Vishwavidyalaya (Self-styled)

Darbhanga, Bihar

फर्जी / Fake Entity

9

Takshila Kendriya Vishwavidyalaya

Uttam Nagar, New Delhi

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

10

Mahila Gram Vidyapith / Vishwavidyalaya (Women University)

Prayag (Allahabad), Uttar Pradesh

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

11

Varanaseya Sanskrit Vishwavidyalaya

Varanasi, Uttar Pradesh

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

12

Commercial University Ltd.

Darya Ganj, Delhi

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

13

Testator Research University

Bodihaya Ranur, Tamil Nadu

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

14

Sree Narayana Open University (Self-styled/Unrecognized)

Quilon, Kerala

अमान्य / Fake

15

Gandhi Hindi Vidyapeeth

Prayag, Allahabad, Uttar Pradesh

अमान्य / Fake

16

National University of Electro Complex Homeopathy

Kanpur, Uttar Pradesh

अवैध / Fake

17

University Newjerusalem

Kathapuramba, Cannore, Kerala

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

18

World Social Work University

Perunguzhi, Kerala

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

19

Netaji Subhash Chandra Bose University (Open University)

Aligarh, Uttar Pradesh

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

20

Shrimati Mahadevi Verma Open University

Mughal Sarai, Uttar Pradesh

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

21

D.D.B. Sanskrit University

Putur, Trichi, Tamil Nadu

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

22

Amritsar University

Amritsar, Punjab

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

23

Arya University

Srinagar, Jammu & Kashmir

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

24

Bible University

Ambur, North Arcot, Tamil Nadu

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

25

Eastern Orthodox University

Ambur, North Arcot, Tamil Nadu

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

26

Blobe University of Science

Kumbakonam, Tamil Nadu

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

27

St. John’s University

Kizhanattam, Kerala

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

28

National University

Nagpur, Maharashtra

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

29

Self Culture University

Kishanattam, Kerala

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

30

United Nations University

Delhi

अवैध संस्था / Fake

31

Vocational University

Delhi

अवैध / Fake

32

Western / Nestern University of Kapurthala

Kapurthala, Punjab

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

33

Uttar Pradesh Vishwavidyalaya

Kosi Kalan, Mathura, Uttar Pradesh

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

34

Maharana Pratap Shiksha Niketan Vishwavidyalaya

Pratapgarh, Uttar Pradesh

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

35

Indian Education Council of U.P.

Lucknow, Uttar Pradesh

अमान्य परिषद / Unrecognized

36

Bhartiya Shiksha Parishad (U.P.) Open Vishwavidyalaya

Lucknow, Uttar Pradesh

अमान्य / Fake

37

Raja Arabic / Arabia University

Nagpur, Maharashtra

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

38

Urdu University

Motia Park, Bhopal, Madhya Pradesh

अवैध विश्वविद्यालय / Fake

39

Vocational University

Amritsar and Delhi

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

40

Uttar Pradesh Vishwavidpeeth

Kosi Kalan, Mathura, Uttar Pradesh

फर्जी विश्वविद्यालय / Fake

41

Board of Higher Secondary Education

Delhi

फर्जी बोर्ड / Fake Board

42

Haryana Council of Open Schooling

Haryana

अवैध काउंसिल / Fake

43

Haryana State Open Board Of Schooling

Sohna, Haryana

फर्जी ओपन बोर्ड / Fake

44

Rajakiya Institute of Open Schooling Uttar Pradesh

Lucknow, Uttar Pradesh

अवैध संस्था / Fake

45

Rural Institute of Open Schooling

Delhi

फर्जी ओपन बोर्ड / Fake

46

Council of Open Schooling Education Rajasthan

Suratgarh, Rajasthan

अवैध काउंसिल / Fake

47

Secondary Board of Education

Bhiwani, Haryana

फर्जी बोर्ड / Fake Board

48

Mukta Vidhyalaya Sansthan

Noida, Uttar Pradesh

अवैध संस्था / Fake

49

Urdu Education Board

Delhi

अवैध बोर्ड / Fake Board

50

Uttarakhand Board of High School & Intermediate Education

Dehradun, Uttarakhand

फर्जी बोर्ड / Fake Board

51

Board of Secondary Education, Madhya Bharat

Gwalior, Madhya Pradesh

अमान्य बोर्ड / Fake

52

Mukta Vidhyalayi Shiksha Parishad

Haryana

अवैध परिषद / Fake

53

Indira Gandhi High School Intermediate Certificate Exam Board

Delhi / National

अवैध बोर्ड / Fake Board

54

Uttar Pradesh State Open Board (Self-styled)

Uttar Pradesh

फर्जी ओपन बोर्ड / Fake

55

Ucchhttar Madhyamik Shiksha Mandal

Delhi

अवैध बोर्ड / Fake Board

3. फर्जी बोर्डों द्वारा जारी प्रमाण पत्रों के गंभीर कानूनी परिणाम

यदि कोई व्यक्ति अथवा छात्र उपर्युक्त किसी भी फर्जी बोर्ड या अमान्य संस्था द्वारा जारी प्रमाण पत्र का उपयोग करता है, तो उसके विरुद्ध विधि के अनुसार निम्नलिखित दंडात्मक व कानूनी कार्यवाही की जा सकती है:

1. सरकारी नौकरियों में नियुक्ति का तत्काल निरस्तीकरण:

यदि किसी अभ्यर्थी ने किसी फर्जी बोर्ड की 10वीं/12वीं की मार्कशीट लगाकर सेना, पुलिस, रेलवे या एसएससी में नौकरी प्राप्त की है, तो सेवा की किसी भी अवधि में सत्यापन होने पर उसे तुरंत सेवामुक्त (Terminate) किया जाएगा।

2. धोखाधड़ी और जालसाजी के आपराधिक मुकदमे (BNS / IPC):

अवैध प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) और भारतीय दंड संहिता की धारा 420 (धोखाधड़ी), 468 (जालसाजी) तथा 471 (फर्जी दस्तावेज को असली के रूप में प्रयोग करना) के तहत गैर-जमानती आपराधिक अभियोग दर्ज होता है।

3. उच्च शिक्षण संस्थानों से निष्कासन (Expulsion):

UGC अथवा AIU से मान्यता प्राप्त किसी भी विश्वविद्यालय में अवैध बोर्ड की मार्कशीट के आधार पर लिया गया दाखिला रद्द कर दिया जाता है और जमा की गई फीस जब्त कर ली जाती है।

4. असली (मान्यता प्राप्त) बनाम फर्जी बोर्ड की पहचान कैसे करें? (विधिक चेकलिस्ट)

माता-पिता, छात्रों एवं भर्ती प्राधिकारियों को यह समझना आवश्यक है कि किसी भी बोर्ड की विधिक वैधता (Legal Validity) केवल एक सुंदर वेबसाइट या नाम से नहीं होती, बल्कि उसकी वैधानिक और सरकारी गजट अधिसूचना से तय होती है:

पहचान के प्रमुख मानदंड

वैध एवं मान्यता प्राप्त बोर्ड (जैसे CBSE, CBOSE, State)

फर्जी / अवैध बोर्ड (Fake Entities)

वैधानिक आधार (Statutory Basis)

संसद/विधानमंडल का अधिनियम अथवा आधिकारिक सरकारी गजट अधिसूचना

केवल सोसाइटी एक्ट या ट्रस्ट रजिस्ट्रेशन (बिना गजट अधिकार)

सरकारी गजट (Gazette Notification)

आधिकारिक सरकारी असाधारण गजट में प्रकाशित (उदा. CBOSE: असाधारण गजट, 27 Dec 2018, UP विधायी अनुभाग-3)

कोई वैध सरकारी गजट अधिसूचना उपलब्ध नहीं होती

डिजिटल पारदर्शिता (Verification)

24x7 ऑनलाइन मार्कशीट और रोल नंबर सत्यापन (उदा. cbose.com पर पारदर्शी पोर्टल)

संदेहास्पद ऑफलाइन मोहरें या बंद वेबसाइट्स

उच्च शिक्षा एवं NEET/JEE पात्रता

NTA, UGC एवं संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) द्वारा पूर्णतः स्वीकृत

NTA व विश्वविद्यालयों द्वारा काली सूची (Blacklisted) में दर्ज

शारीरिक व कार्यालयीन पता

सक्षम प्रशासनिक पते, क्षेत्रीय कार्यालय एवं स्थापित अवसंरचना

अस्थायी दुकानें, आवासीय मकान या केवल पोस्ट बॉक्स पते

5. चार्ट: फर्जी बोर्डों व अमान्य संस्थाओं का राज्यवार भौगोलिक वितरण

उपर्युक्त 55 फर्जी संस्थाओं के राज्यवार वितरण का विधिक सांख्यिकीय विश्लेषण:

↕
  उत्तर प्रदेश (UP) दिल्ली (Delhi) केरल (Kerala) तमिलनाडु (TN) हरियाणा (Haryana) अन्य राज्य
फर्जी संस्थाओं की संख्या 16 13 6 5 5 10
Figure 1: भारत में चिन्हित 55 फर्जी शिक्षा बोर्डों एवं विश्वविद्यालयों का राज्यवार घनत्व

6. छात्रों व अभिभावकों के लिए अनिवार्य विधिक सावधानियां (Mandatory Due Diligence)

किसी भी नए बोर्ड या दूरस्थ संस्थान में प्रवेश लेने से पूर्व निम्नलिखित 4 विधिक जांच अवश्य करें:

1. सरकारी गजट अधिसूचना की प्रति मांगें: यह सुनिश्चित करें कि बोर्ड की स्थापना सक्षम सरकारी विधायी गजट (Legislative Gazette) के अंतर्गत हुई है।
2. तत्काल ऑनलाइन वेरिफिकेशन की जांच करें: cbose.com जैसी आधिकारिक वेबसाइटों पर जाकर देखें कि क्या बोर्ड ऑनलाइन मार्कशीट वेरिफिकेशन की पारदर्शी सुविधा देता है।
3. दलालों व '10 दिन में 10वीं पास' के विज्ञापनों से बचें: कोई भी वैध शिक्षा बोर्ड बिना निर्धारित परीक्षा प्रक्रिया के बैकडेट मार्कशीट जारी नहीं करता। यह पूर्णतः संज्ञेय अपराध है।
4. उच्च शिक्षा संस्थानों की पात्रता सूची देखें: प्रवेश लेने से पहले कॉलेज या विश्वविद्यालय के प्रॉस्पेक्टस में बोर्ड की स्वीकार्यता की पुष्टि करें।

7. अक्सर पूछे जाने वाले विधिक प्रश्नोत्तर (Legal FAQs)

प्र1: यदि किसी छात्र ने अनजाने में किसी फर्जी बोर्ड से 10वीं/12वीं कर ली है, तो उसका विधिक समाधान क्या है?
उत्तर: फर्जी बोर्ड से प्राप्त प्रमाण पत्र कानूनन शून्य होते हैं। ऐसे छात्रों को तुरंत किसी वैध एवं मान्यता प्राप्त बोर्ड (जैसे CBSE, राज्य बोर्ड, अथवा CBOSE / NIOS जैसे गजट-अधिसूचित ओपन बोर्ड) में पुनः विधिवत प्रवेश लेकर अपनी वैध माध्यमिक या उच्च माध्यमिक परीक्षा उत्तीर्ण करनी चाहिए।

प्र2: क्या किसी ट्रस्ट या एनजीओ के पास बोर्ड चलाने और 10th/12th मार्कशीट बांटने का कानूनी अधिकार होता है?
उत्तर: नहीं। केवल सोसाइटी या ट्रस्ट रजिस्ट्रेशन एक्ट के तहत पंजीकृत होना बोर्ड चलाने का अधिकार नहीं देता। बोर्ड चलाने के लिए संसद/विधानमंडल का अधिनियम अथवा आधिकारिक सरकारी गजट अधिसूचना अनिवार्य होती है।

प्र3: फर्जी बोर्ड का प्रमाण पत्र प्रयोग करने पर कौन सी कानूनी धाराएं लगती हैं?
उत्तर: भारतीय न्याय संहिता (BNS) तथा IPC की धारा 420 (धोखाधड़ी), 467/468 (कूटकरण व जालसाजी) और 471 के अंतर्गत 7 वर्ष तक के कठोर कारावास और जुर्माने का विधिक प्रावधान है।

8. न्यायिक निष्कर्ष एवं जनहित संदेश (Judicial Verdict & Public Warning)

शिक्षा राष्ट्र निर्माण की रीढ़ है। फर्जी शिक्षा बोर्डों का संचालन न केवल लाखों निर्दोष युवाओं के भविष्य और करियर के साथ खिलवाड़ है, बल्कि यह एक गंभीर सार्वजनिक अपराध है। इस आधिकारिक निर्देशिका का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक को जागरूक करना है ताकि वे किसी भी अनधिकृत संस्था के झांसे में आने से बच सकें।

छात्रों एवं अभिभावकों से अपील की जाती है कि वे केवल केंद्र/राज्य सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त अथवा विधिवत सरकारी गजट अधिसूचित बोर्डों (जैसे CBSE, CISCE, CBOSE, NIOS अथवा स्टेट बोर्ड्स) के माध्यम से ही अपनी शिक्षा पूरी करें और अपने करियर को सुरक्षित रखें।

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